छात्राओं ने वार्डन पर लगाया धर्म परिवर्तन कराने का आरोप, कलेक्टर ने एडीएम को सौंपी जांच

भोपाल.प्रोफेसर कॉलोनी स्थित कमला नेहरू गर्ल्स हॉस्टल में छात्राओं और वार्डन का विवाद नहीं थम रहा है। बुधवार को वार्डन द्वारा हॉस्टल में रह रही छात्राओं पर धर्म परिवर्तन के लिए दबाव बनाने का मामला सामने आया है। छात्राओं ने इसकी शिकायत मुख्यमंत्री हाउस में लिखित में की है। शिकायती पत्र में छात्राओं ने हॉस्टल वार्डन पर दुर्व्यवहार का आरोप भी लगाया है। इस पर राज्य सरकार ने भोपाल कलेक्टर सुदाम खाड़े से मामले की जांच रिपोर्ट तलब की है। कलेक्टर खाड़े ने इस मामले की जांच एडीएम मुख्यालय दिशा नागवंशी को सौंपी है।

इस बार धर्म विशेष के प्रचार का दबाव

सहायक आयुक्त आदिवासी विकास दफ्तर के सूत्रों ने बताया कि प्रोफेसर कॉलोनी स्थित कमला नेहरू गर्ल्स हॉस्टल की छात्राओं ने हॉस्टल वार्डन अनास्तिस्या टोप्पो पर धर्म परिवर्तन करने के लिए प्रेशर बनाने का आरोप लगाया है। इसका विरोध करने पर उनके द्वारा बदसलूकी करने की बात भी छात्राओं ने शिकायत में कही है। सहायक आयुक्त आदिवासी विकास अवनीश चतुर्वेदी ने बताया कि हॉस्टल वार्डन पर धर्म परिवर्तन कराने का लगा आरोप गंभीर है। इसकी जांच जिला प्रशासन के अफसर कर रहे हैं। छात्राओं के आरोप सही है अथवा उन्होंने किसी के बहकावे में अाकर वार्डन पर गंभीर आरोप लगाए हैं ? इसका खुलासा शिकायत की जांच में होगा। छात्राओं ने लिखित शिकायत में बताया कि हॉस्टल की अधीक्षक उनसे दुर्व्यवहार करतीं हैं और उनके धर्म के बारे में प्रचार कराना चाहती हैं।

अवैध रूप से छात्राओं को रखने के मामले में वार्डन के इंक्रीमेंट रोके

सहायक आयुक्त आदिवासी अवनीश चतुर्वेदी ने हॉस्टल वार्डन अनास्तिस्या टोप्पो की दो इंक्रीमेंट रोक दिए हैं। टोप्पो के खिलाफ यह कार्रवाई हॉस्टल में अवैध रूप से क्षमता से ज्यादा छात्राओं को रखने के मामले में की गई है। दो साल पहले हॉस्टल की छात्राओं ने राज्य महिला अायोग में शिकायत की थी कि वार्डन अनास्तिस्या टोप्पो हॉस्टल में क्षमता से ज्यादा छात्राओं को अवैध तरीके से रहने दे रही है। जबकि वह छात्राएं अपनी पढ़ाई कंप्लीट कर चुकी है। इस मामले की जांच भी तत्कालीन ज्वाइंट कलेक्टर श्वेता पंवार ने की थी।

खराब खाना दिए जाने के मामले में रसोईआें को क्लीन चिट
इसी हॉस्टल में खराब खाना दिए जाने के मामले में तत्कालीन ज्वाइंट कलेक्टर श्वेता पंवार ने रसोईया प्रेमा बाई, रजनी और विनीता पति अशोक को क्लीनचिट दे दी है। छात्राओं ने जनवरी के आखिरी सप्ताह में सीएम हेल्पलाइन पर हॉस्टल की तीनों रसोईयों द्वारा खराब गुणवत्ता का खाना दिए जाने की शिकायत की थी। साथ ही रसोईया विनीता के पति अशोक पर शराब पीकर हॉस्टल में गाली-गलाैज और परिवार के सदस्यों से मारपीट का आरोप लगाया था। ज्वाइंट कलेक्टर पंवार ने मामले की जांच कर छात्राओं द्वारा लगाए गए दोनों आरोपों को खारिज कर दिया है। सूत्रों का कहना है कि जिन छात्राओं ने आरोप लगाया था, उनसे सही तरीके से पूछताछ ही नहीं की गई।


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