भाजपा के खिलाफ, भाजपा के ही नेता

मूलभूत सुविधाओं की कमी, बसपा ने भी पसारे पैर
भोपाल जिले की बैरसिया विधानसभा ग्रामीण अंचल की सीट है और वर्तमान में यह सीट भाजपा के कब्जे में है और विधायक विष्णु खत्री है। चुनाव के करीब आते ही उनके खिलाफ उनकी ही पार्टी के कार्यकर्ताओं ने लामबंदी कर ली है। विष्णु खत्री के खिलाफ भाजपा के पूर्व विधायक ब्रह्मानंद रत्नाकर के समर्थक प्रदर्शन कर चुके है। उनके समर्थकों का कहना है कि इस बार यदि किसी बाहरी नेता को टिकट दिया गया तो इस सीट पर भाजपा को जीतने नहीं दिया जाएगा। भोपाल जिले की बैरसिया सीट पर वर्तमान विधायक विष्णु खत्री के अलावा पूर्व विधायक ब्रह्मानंद रत्नाकर और भुजबल अहिरवार दावेदार हैं। ब्रह्मानंद रत्नाकर 2008 में भाजपा से विधायक बने थे और 2013 के चुनाव में रत्नाकर का टिकट कट कर संघ पृष्ठ भूमि वाले विष्णु खत्री को टिकट दिया था। बैरसिया को भाजपा को अभेद गढ़ कहा जाता है। बसपा की भी इस सीट पर मजबूत पकड़ है, इस कारण कांग्रेस को कोई फायदा नहीं मिलता है और हर चुनाव में कांग्रेस का प्रत्याशी हार जाता है। 390 ग्रामीण क्षेत्र और करीबन 134 ग्राम पंचायतों वाले इस विधानसभा क्षेत्र में बैरसिया है, जो कि इनके साथ नगर पालिका क्षेत्र है। इसके अलावा ललरिया, नजीराबाद, ईटखेड़ी, इस्लाम नगर लांबाखेड़ा, परवलिया, अचारपुरा जैसे मुख्य कस्बे और गांव शामिल हैं बैरसिया विधानसभा में करीब 100 किलोमीटर क्षेत्र में फैला है। लम्बे समय से भाजपा के कब्जे में रहने के बाद भी क्षेत्र में स्वास्थ सेवाओं की कमी, ग्रामीण क्षेत्रों में पीने के पानी की समस्या बनी हुई है। बेरोजगारी, शिक्षा एवं खेलकूद के क्षेत्र में मूलभूत सुविधाओं की अनदेखी, किसानों की शहरी और ग्रामीण क्षेत्र की मूलभूत सुविधाओं की कमी नजर आती है।
विधानसभा चुनाव-2018 के चुनाव में बैरसिया सीट को जीतने के लिए भाजपा को मशक्कत करनी पड़ सकती है। कांग्रेस 15 साल के सूखे को खत्म करने में जुटी है। बैरसिया विधानसभा सीट जहां पर 15 वर्षों से लगातार भाजपा का कब्जा रहा है, जहां पर भाजपा की हमेशा जीत होती रही है। वहीं कांग्रेस भी 15 साल से क्षेत्र में हार का मुंह देख रही है। कांग्रेस इस बार चुनाव में फूंक-फूंक कर कदम रख रही है। अभी तक कांग्रेस ने उम्मीदवार का चयन करने में जल्दबाजी नहीं दिखाई है। चुनाव में लगभग करीब 30 दिन का समय रह गया, वहीं राजनीतिक पार्टियां अपने अपने उम्मीदवारों का चयन भी नहीं कर पा रही है। बैरसिया विधानसभा सीट पर राजनीतिक पार्टियों के दावेदार पार्टी कार्यालय में के चक्कर काट रहे हैं। भाजपा से कई दावेदार पार्टी कार्यालय से बाहर अपनी मौजूदगी दिखा रहे हैं। वहीं कांग्रेस से भी इस सीट पर कई दावेदार पार्टी कार्यालय के साथ कांग्रेस के दिग्गज नेताओं के सामने अपनी दावेदारी पेश कर रहे हैं। वही उम्मीदवारों के नामांकन का समय काफी नजदीक आ चूका है ऐसे में राजनीतिक गतिविधियों भी बढ़ गई हैं ऐसे में किसके नाम की टिकट पर मोहर लगेगी। यह तो आने वाला समय ही बताएगा। वही तीसरी बड़ी पार्टी बसपा भी क्षेत्र में अपनी मौजूदगी दिखा रही है।
क्षेत्र में स्थानीय प्रत्याशी की मांग
भाजपा, कांग्रेस हो या अन्य पार्टियों के कार्यकर्ता क्षेत्र में स्थानीय प्रत्याशी की मांग को लेकर राजधानी के कार्यालयों के बाहर अपनी मांग रख रहे है। कार्यकर्ता बाहरी प्रत्याशी को टिकट न देने के खिलाफ है, क्योंकि स्थानीय प्रत्याशी स्थानीय क्षेत्र की समस्याओं को गंभीरता से लेते हैं। 2013 में हुए विधानसभा चुनाव में भाजपा के नेता विष्णु खत्री ने कांग्रेस के महेश रत्नाकर को 29304 वोटों से हराया था। इस चुनाव में भाजपा के खत्री को 76657 वोट मिले थे, तो कांग्रेस के महेश रत्नाकर को 47353 वोट मिले थे।
छोटे-छोटे दल बिगड़ सकते हैं चुनावी नतीजे
क्षेत्र में छोटे-छोटे दल जमीनी स्तर पर जुड़कर भाजपा और कांग्रेस दोनों के वोटों में सेंध लगा सकते हैं। जहां बसपा 2008 के चुनाव में 20000 से अधिक वोट लेकर तीसरे स्थान पर रही थी, वह इस बार भी बसपा और छोटे-छोटे दल वोट लेकर कांग्रेस और भाजपा दोनों को नुकसान पहुंचा सकते हैं। बसपा की अनिता अहिरवार लम्बे समय से बैरसिया विधानसभा क्षेत्र में सक्रिय है।
ग्रामीण क्षेत्रों में दिख रहा है गुस्सा
बैरसिया विधानसभा सीट के ग्रामीण क्षेत्रों से घिरी हुई हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में मूलभूत सुविधाओं की कमी के कारण ग्रामीणों में काफी गुस्सा दिखाई दे रहा है। बैरसिया के ग्रामीण क्षेत्र जिनमें सेमरा भैरूपुरा एमजीदगढ़, कड़ैया कला, नायसमंद में लोगों ने विस्थापितों को मुआवजा, एट्रोसिटी एक्ट और बिजली की आपुर्ति जैसी समस्याओं को लेकर आगामी चुनाव में वोट नहीं करने का मन बना चुके है। ऐसे में उम्मीदवारों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।
भाजपा के दावेदार
विष्णु खत्री वर्तमान विधायक, पूर्व विधायक, ब्रम्हानंद रत्नाकर, बारेलाल अहिरवार, प्रियंका गोयल, भुजबल सिंह अहिरवार, इसके अलावा यह भी टिकिट के दावेदारों में किशन सूर्यवंशी, मोहिनी शाक्यवार भी दावेदारी कर रहे है।
कांग्रेस के दावेदार
जय श्री हरिकरण, रामभाई मेहर, विनय मेहर, महेश रत्नाकर
बसपा के दावेदार
शिवनारायण अहिरवार, तोरन सिंह अहिरवार, अनिता अहिरवार
बाक्स
क्षेत्र में कुल मतदाता 208428
महिला मतदाता 98100
पुरुष मतदाता110323
5 थर्ड जेंडर
कुल मतदान केंद्र 266


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