डीआरएम तय करेंगे रिटायरिंग रूम की लोकेशन

सौंदर्यीकरण ॥ भोपाल स्टेशन का बाहरी ढांचा तैयार
सच प्रतिनिधि ॥ भोपाल
भोपाल स्टेशन का रि-डेवलपमेंट कार्य तेजी से किया जा रहा है। प्लेटफार्म छह का बाहरी बिल्डिंग स्ट्राक्चर बनकर तैयार हो चुका है। वहीं सीआरबी द्वारा दी गई डेडलाइन का ध्यान रखा है। इस रि-डेवलमेंट वर्क के बाद यात्री सुविधाओं पर काम करना अभी बाकी है। इसके लिए जल्द ही डीआरएम आर्किटेक्ट प्लान देखकर रिटायरिंग रूम और फूड कोर्ट की स्थाई जगह तय करेंगे।
राजधानी के भोपाल रेलवे स्टेशन पर आने वाले पैसेंजर को जल्द ही इसका नया रूप देखने मिलेगा। स्टेशन रिडेवलपमेंट के तहत स्टेशन पर पैसेंजर सुविधाओं से लेकर स्टेशन और पार्किंग की तस्वीर नई दिखेगी। इसके लिए 16 आर्किटेक्ट ने मास्टर प्लान लगभग तैयार कर लिया है। वहीं प्लेटफार्म छह की बिल्डिंग का बाहरी ढांचा तैयार हो चुका है। आज डीआरएम शोभन चौधुरी भोपाल स्टेशन पहुंचे उन्होंने एक नंबर प्लेटफार्म के साथ 6 नंबर प्लेटफार्म पर बन रही बिल्डिंग का निरीक्षण किया। उनके साथ भोपाल मंडल के अन्य अधिकारी भी मौजूद रहे। रेलवे का इंजीनियरिंग विभाग इस पूरे प्रोजेक्ट को देख रहा है। खास बात यह है कि आर्किटेक्ट जिस प्लान को रखेंगे, उसमें से किसे फाइनल किया जाएगा, इसकी भी प्लानिंग की जा रही है। सब कुछ रेलवे बोर्ड के प्लान पर चला तो संभव है कि दिसंबर 2018 तक पैसेंजर,भोपाल रेलवे स्टेशन पर एयरपोर्ट जैसी पैसेंजर सुविधाओं का लुत्फ उठा सकेंगे। ठीक ऐसा ही दावा भोपाल दौरे पर रहे रेलवे बोर्ड के चेयरमैन अश्विनी लोहानी ने भी किया है। दरअसल वे रेलवे समारोह में शामिल होने के लिए भोपाल आए थे। उन्होंने भोपाल स्टेशन का निरीक्षण किया था।
इस दौरान एक और छह प्लेटफार्म के रि-डेवलपमेंट कार्य देखने के बाद अधिकारियों पर भरोसा जताते हुए कहा था कि स्टेशन को यात्री सुविधा युक्त तैयार किया जाए। उन्होंने स्टेशन के रि-डेवलपमेंट के लिए अतिरिक्त रेलवे बोर्ड से फंड दिलाने के लिए कहा था। अभी मौजूदा स्थिति में रेलवे बोर्ड की ओर से 20 करोड़ का बजट तय किया गया है।
क्या है प्लान
रेलवे बोर्ड ने पश्चिम मध्य रेलवे के भोपाल और जबलपुर स्टेशन को रि-डेवलपमेंट प्लान में शामिल किया है। इसके लिए दोनों ही रेल मंडल के डीआरएम को बजट दिया गया है, जिसमें पैसेंजर सुविधा, पार्किंग से लेकर स्टेशन पर फ्रंट लुक, स्टेशन तक आने के रास्ते, स्टेशन के स्टॉल की सुविधा, बिजली, पानी की व्यवस्थाओं को मौजूदा व्यवस्था से और बेहतर किया जाना है।
हर जानकारी मांग रहे, ताकि न हो गड़बड़ी
भोपाल समेत इंदौर, मद्रास, मुंबई, नागपुर, दिल्ली समेत देशभर से आर्किटेक्ट ने डीआरएम द्वारा स्टेशन रि-डेवलपमेंट में जैसा प्लान मांगा था, उसे तैयारी करने में सभी टीम लगी है। सूत्र बताते हैं कि कंपनियां इस प्रोजेक्ट को इसलिए ज्यादा गंभीरता से ले रही हैं कि रेलवे जल्द ही देश के 600 से ज्यादा स्टेशन को विकसित करने जा रहा है, जिसमें उन्हें काम करने का मौका मिलेगा। यही वजह है कि वह भोपाल मंडल के इंजीनियरिंग विभाग से स्टेशन से जुड़ी हर छोटी-बड़ी जानकारी ले रहे हैं ताकि प्लान पैसेंजर से जुड़ा हो।
फैसला करेंगे रेल अधिकारी
16 आर्किटेक्ट द्वारा जो भी प्रजेंटेशन दिया जाएगा, उसमें से एक फाइनल होगा, जिसके आधार पर स्टेशन का रिडेवलपमेंट होगा। इनमें से एक प्लान को फाइनल करने के लिए रेलवे के एक्सपर्ट अधिकारियों की मदद ली जाएगी। रेलवे अधिकारी, आर्किटेक्ट के प्रजेंटेशन को परखेंगे और फिर तय करेंगे कि यह काम किस कंपनी को दिया जाए। हालांकि अंतिम निर्णय डीआरएम ही लेंगे।
भोपाल स्टेशन के प्लेटफार्म छह का रि-डेवलपमेंट वर्क लगभग पूरा हो चुका है। अब आखिरी चरण का काम बाकी है। छह नंबर प्लेटफार्म बिल्डिंग के अंदर रिटायरिंग रूम और फूड कोर्ट की जगह का प्लान देखा जाएगा।
> शोभन चौधुरी, डीआरएम, भोपाल


facebook - जनसम्पर्क
facebook - जनसम्पर्क - संयुक्त संचालक
twitter - जनसम्पर्क
twitter - जनसम्पर्क - संयुक्त संचालक
जिला प्रशासन इंदौर और शासन की दैनंदिन गतिविधियों और अपडेट के लिए फ़ॉलो करें